
शिक्षा विभाग ने सरकारी विद्यालय के बाद अब बिना रजिस्ट्रेशन वाले सभी निजी विद्यालय के संचालन पर लगाई रोक एवं आरटीई के नियमों का शत प्रतिशत पालन कराने के हेतु हिये शख्त ।
बिना रजिस्ट्रेशन या नियमों की अनदेखी करके चल रहे उन सभी निजी विद्यालय का शटर डाउन करने की तैयारी चल रही हैबिना रजिस्ट्रेशन के विद्यालय चलते हुए मिलने पर संचालक पर लाख रुपए तक जुर्माना लगाया जाएगा
यदि संचालक विद्यालय बंद नहीं करते तो ऐसे संचालकों से आदेश में छूट की समय सीमा समाप्ति के बाद से प्रतिदिन के हिसाब से 10 हजार रुपए दंड स्वरूप वसूलने का आदेश दिया है |
वैसे निजी विद्यालय पर भी कार्रवाई की गाज गिर सकती है जिन्हें तय मानक पूरा करने के आदेश देने के बाद भी पूरा नहीं किया जा रहा है
वैशाली जिले के शहर से लेकर ग्रामीण स्तर पर करीब 1100 निजी विद्यालय का संचालन किया जा रहा है, लेकिन शिक्षा विभाग से मात्र 495 विद्यालयों ने ही रजिस्ट्रेशन करा रखा है। यानी जिले में 500 प्राइवेट विद्यालय बिना रजिस्ट्रेशन (बिना क्यूआर कोड)के ही अपनी सुविधा के अनुसार चल रहा है ऐसे निजी विद्यालयों पर अधिनियम की धारा-19 (5) के तहत कार्रवाई की तैयारी चल रही है |
जिला कार्यक्रम पदाधिकारी (प्रारभिक एवं समग्र शिक्षा)वैशाली ,श्री कुमार शशि रंजन ने ऐसे सभी निजी विद्यालयों को पहले दो बार पत्र के माध्यम से रजिस्ट्रेशन कराने हेतु आदेश दिया था बावजूद विद्यालय उदासीन रहे | फलस्वरूप बिना रजिस्ट्रेशन वाले सभी निजी विद्यालय को संचालन पर 31 मार्च 2024 के बाद रोक लगा दिया है | अगर ये निजी विद्यालय बिना रेजिस्टशन के संचालन करते पाये जाते है तो एक लाख रुपये के साथ-साथ 1 अप्रैल 2024 से जिस तिथि को पकड़े जाएंगे प्रति दिन के हिसाब से दस हजार रुपये दंड लगाया जायेगा | श्री कुमार ने बताया कि उक्त कार्रवाई निदेशक प्राथमिक,शिक्षा विभाग पटना के द्वारा दिए गए आदेश के अनुपालन में की जा रही है |
Author: AKHILESH KUMAR
Editor in Chief